बिहार में जिस पत्नी की हत्या के जुर्म में पति जेल में बंद है वह अपने आशिक के साथ दिल्ली से सटे उत्तर प्रदेश के नोएडा में जिंदा पकड़ी गई। पुलिस ने पत्नी को उसके प्रेमी के साथ गिरफ्तार कर लिया है।
घटना बिहार के मोतिहारी के अरेराज थाना क्षेत्र की है। पूर्वी चंपारण जिले के हरसिद्धि थाना क्षेत्र की गुंजा देवी की शादी 2 मार्च 2025 को अरेराज निवासी रंजीत कुमार के साथ हुई थी। रंजीत कुमार 1 जुलाई 2025 को दोंगा (दूसरी बार) विदाई कराकर अपने घर अरेराज ले गया। रंजीत कुमार सो रहा था तभी गुंजा देवी 2 जुलाई की रात्रि में भाग गई। पति रंजीत कुमार ने 3 जुलाई को अरेराज थाना में शिकायत की। रात्रि को घर से भागने का सीसीटीवी फुटेज साक्ष्य के तौर पर पुलिस थाने को उपलब्ध कराया। अरेराज थानाध्यक्ष बिभा कुमारी ने 4 जुलाई को गुंजा की गुमशुदगी का मामला दर्ज किया।
इस मामले में रंजीत कुमार के ससुर ने 7 जुलाई को दहेज के लिए उनकी बेटी की हत्या कर शव छिपाने और जलाने का आरोप लगाकर अरेराज थाना में आवेदन दिया। ससुर के दावे को सच मानती हुई अरेराज पुलिस ने 9 जुलाई को रंजीत कुमार को गिरफ्तार कर लिया।
इधर रंजीत कुमार का परिवार दावा करता रहा कि रंजीत कुमार निर्दोष है। गुंजा देवी कहीं चली गई है। गुंजा देवी ने घर का दरवाजा बाहर से बंद कर दिया था। रंजीत कुमार के पिता ने मामले को लेकर कोर्ट का दरवाजा खटखटाया। कोर्ट ने जब चार्जशीट और हत्या का सबूत मांगा तो पुलिस गुंजा की हत्या का सबूत नहीं दे सकी। इसके बाद पुलिस ने गुंजा को खोजने की गति तेज कर दी। पुलिस को सूचना मिली कि गुंजा देवी अपने प्रेमी के साथ नोएडा में रह रही है। फिर रंजीत कुमार के परिजनों के सहयोग से पुलिस ने नोएडा से गुंजा को प्रेमी के साथ पकड़ लिया। गुंजा देवी का प्रेमी भी उसी के गांव का है।
