अकेला
अन्न व औषधि प्रशासन विभाग (FDA) की ड्रग्स इंस्पेक्टर आरती कांबली प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से बेहद नफरत करती है. इतना नफरत करती है कि उसने नरेंद्र मोदी का फोटो तो फाड़कर फेंक ही दिया मेडिकल स्टोर का लाइसेन्स भी रद्द कर दिया. मेडिकल स्टोर मालिक ने मेडिकल स्टोर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का फोटो लगाने की हिमाकत की थी.
घटना महाराष्ट्र के पालघर जिले के नालासोपारा में घटी है. मेडिकल स्टोर मालिक अशोक विश्वकर्मा (31) ने नालासोपारा पुलिस स्टेशन और एफडीए में आरती कांबली के ख़िलाफ़ लिखित शिकायत कर कार्रवाई की मांग की है. शिकायत की प्रति ABI के पास है और एक मुलाकात में अशोक विश्वकर्मा ने ABI से सारी कहानी बयां भी की है. अशोक विश्वकर्मा का मेडिकल स्टोर जेनेरिक मार्ट नाम से नालासोपारा (पूर्व) में नागेला तालाब के पास है.
शिकायत के अनुसार पिछले महीने आरती कांबली जेनेरिक मार्ट पर विजिट के लिए गईं. मेडिकल स्टोर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की फोटो लगी देख उन्हें गुस्सा आ गया. आरती कांबली ने अशोक विश्वकर्मा की तरफ मुखातिब होकर पूछा- हे भइये, मेडिकल स्टोर में चायवाले का फोटो क्यों लगा रखा है. अशोक विश्वकर्मा ने आरती कांबली से कहा कि मैडम, ये हमारे देश के प्रधानमंत्री हैं. इन्हें चायवाला कहकर अपमानित न करें. इस पर आरती कांबली और ज्यादा गुस्सा हो गईं. उन्होंने कहा इस चायवाले ने देश का बेड़ा गर्क कर दिया है. देश को बेच दिया है. संविधान की हत्या कर रहा है. तू अगर इसका फोटो अभी का अभी नहीं निकालता है तो तुझे इसका गंभीर परिणाम भुगतना पड़ेगा. एक महिला होते हुए आरती कांबली का इतना गंदा व्यवहार देख अशोक विश्वकर्मा ने फोटो तुरंत का तुरंत निकालने से मना कर दिया. आरती कांबली परिणाम भुगतने के लिए तैयार रहो की धमकी देकर चली गईं.

आरती कांबली
इसके कुछ दिन बाद 14 जून 2024 को आरती कांबली अशोक विश्वकर्मा के जेनेरिक मार्ट फिर पहुंची. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का फोटो देख फिर गुस्सा हो गई. उन्होंने नरेंद्र मोदी का फोटो फाड़ दिया. जबरदस्ती का इंस्पेक्शन किया और रिपोर्ट बनाकर चली गई. 27 अगस्त 2024 को FDA की तरफ़ से अशोक विश्वकर्मा को लिखित में बताया गया कि उनके जेनेरिक मार्ट का लाइसेंस रद्द कर दिया गया है. आरती कांबली की विजिट में जेनेरिक मार्ट में 17 वॉयलेशन मिले थे. आरती कांबली ने पंचनामा में भी लिखा है कि मेडिकल स्टोर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का फोटो लगा था, जिसे रिमूव कर दिया.
इसके बाद आरती कांबली के एक निजी एजेंट कृष्ण तिवारी ने अशोक विश्वकर्मा को बताया कि मैडम (आरती कांबली) को दो लाख रुपये देने पड़ेंगे. कृष्ण तिवारी दो लाख से एक लाख पर आ गया. इस बार अशोक विश्वकर्मा ने भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) में इसकी शिकायत कर दी और 27 जून 2024 को ACB ने कृष्ण तिवारी को एक लाख रुपये लेते गिरफ्तार कर लिया. आरती कांबली ने बॉम्बे हाईकोर्ट से गिरफ्तारी पूर्व ज़मानत हासिल कर ली. फिर भी FDA प्रशासन ने उन्हें निलंबित कर दिया है.
आरती कांबली FDA के महान भ्रष्ट अधिकारी (AC) रहे प्रवीण मुंदड़ा की चेली हैं. आरती कांबली कभी FDA के ठाणे मुख्यालय में प्रवीण मुंदड़ा के मातहत काम करती थीं. भ्रष्टाचार के गुण आरती कांबली ने प्रवीण मुंदड़ा से सीखे हैं. पिछले महीने ACB ने ड्रग्स इंस्पेक्टर संदीप नरवने को कल्याण में गिरफ्तार किया था. तब से प्रवीण मुंदड़ा संदीप नरवने के साथ घूम रहा है. ACB कार्रवाई से कैसे बचना है, सलाह दे रहा है. प्रवीण मुंदड़ा अभी रिटायर्ड है. एक बार ACB में अरेस्ट हो चुका है और दो बार निलंबित.
अशोक विश्वकर्मा ने स्थानीय पुलिस और FDA प्रशासन को पत्र लिखकर मांग की है कि आरती कांबली के ख़िलाफ़ FIR दर्ज करें और उन्हें सेवा से बर्खास्त करें.
