शाह रुख़ खान ने ‘जवान’ फिल्म के लिए खरीदा था दादा साहब फाल्के इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल अवार्ड !

अनिल मिश्रा

अकेला

हिंदी फिल्मों के अभिनेता शाह रुख़ खान ने खुले मंच पर स्वीकार किया है कि उन्हें अबतक 300 से ज़्यादा पुरस्कार (अवार्ड) मिल चुके हैं, जिसमें से बहुत से पुरस्कार उन्होंने खरीदे हैं। ABI (अकेला ब्यूरो ऑफ़ इन्वेस्टिगेशन) अब यह खुलासा कर रहा है कि पिछले वर्ष शाह रुख़ खान ने दादा साहब फाल्के इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल अवार्ड भी खरीदा था। शाहरुख़ खान ने यह पुरस्कार फ्रॉड ‘मिश्रा फैमिली’ से खरीदा था।

‘मिश्रा फैमिली’ बोले तो अनिल मिश्रा, उसकी पत्नी पार्वती मिश्रा, बेटा अभिषेक मिश्रा और बेटी श्वेता मिश्रा। यह फैमिली मुंबई में रहती है और पूरे देश में पुरस्कार (अवार्ड) खरीद-फरोख्त का गोरखधंधा करती है।

शाह रुख खान उर्फ़ एसआरके ने पिछले 30 वर्षों में 100 से ज़्यादा हिंदी फिल्मों में काम किया है। 60 साल की उम्र वाले शाह रुख़ खान तीन कारणों से पहचाने जाते हैं। पहला टाँगे टेढ़ी करके और बाँहें फैलाने का तरीका, दूसरा बकरी की तरह मिमियाकर ‘किरण’ बोलना। और तीसरा सबसे महत्वपूर्ण कारण- उनके बेटे आर्यन खान की ड्रग्स मामले में गिरफ्तारी। आर्यन खान की गिरफ़्तारी से वे मीडिया में खूब छाये। पिछले साल 20 फरवरी 2024 को जवान फिल्म के लिए उन्हें बांद्रा के ताज लैंड होटल में दादा साहब फाल्के इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल अवार्ड मिला। यह अवार्ड उन्होंने अनिल मिश्रा एन्ड फैमिली से खरीदा था।

दादा साहब फाल्के पुरस्कार

दादा साहब फाल्के पुरस्कार भारत का सिनेमा जगत का सर्वोच्च पुरस्कार है और यह सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय द्वारा स्थापित संगठन, फिल्म समारोह निदेशालय द्वारा राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार समारोह में प्रतिवर्ष प्रदान किया जाता है। अनिल मिश्रा ने शाहरुख़ खान को जो पुरस्कार दिया उसका नाम है दादा साहब फाल्के इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल अवार्ड। यह फर्जी है।

मिसिर जी तू तो बाट्या बड़ा गंदा !

सोशल मीडिया पर भोजपुरी भाषा में एक गाना वायरल होता रहता है – मिसिर (मिश्रा) जी तू तो बाट्या बड़ा ठंडा। मीम भी बनती है। उसी तर्ज पर यह मिसिर यानी अनिल मिश्रा बड़ा गंदा व्यक्ति है। अनिल मिश्रा एक फ्रॉड व्यक्ति है। फर्जी संगठन बनाकर गाजी मियाँ की सिन्नी की तरह पुरस्कार बांटता है। सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ने उसके संगठन को पांच पर रिजेक्ट कर दिया है। संगठन रजिस्टर्ड नहीं है। इस संगठन में इसने अपनी बीवी पार्वती, बेटी श्वेता और बेटे अभिषेक को पद दिया हुआ है माहौल ऐसा बन रहा है कि अनिल मिश्रा निकट भविष्य में जेल जाएगा और अपने पारिवारिक सदस्यों को भी ले जायेगा। 

मुंबई पुलिस ने अनिल मिश्रा को 31 अक्टूबर 2014 को मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के शपथ समारोह में (वानखेड़े स्टेडियम में) प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नजदीक पहुँच जाने के आरोप में गिरफ्तार किया था। अनिल मिश्रा की कारगुजारियों के बारे में शेष अगले अंक में …

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