KBC में 50 लाख जीतने वाली तहसीलदार बाढ़ राहत घोटाले में गिरफ्तार

 

कौन बनेगा करोड़पति (KBC) में 50 लाख रुपये जीतकर चर्चित हुईं मध्य प्रदेश की तहसीलदार अमिता सिंह तोमर को बड़ौदा थाना पुलिस ने ग्वालियर स्थित उनके घर से गिरफ्तार कर लिया। बड़ौदा तहसीलदार रहते हुए अमिता सिंह तोमर ने गड़बड़ी की थी। उन्होंने फर्जीवाड़े के लिए पूरा नेटवर्क खड़ा किया था। जांच में यह बात सामने आई थी कि कई अपात्र और काल्पनिक नामों को मुआवजे (ढाई करोड़ रुपये) दिए गए। वहीं, असल में जो पीड़ित थे, वे मुआवजे से वंचित रह गए। इससे सरकारी खजाने को भी बड़ा नुकसान हुआ।

श्योपुर के एसपी सुधीर अग्रवाल ने अमिता सिंह तोमर की गिरफ़्तारी की पुष्टि की है। उन्हें साल 2021 श्योपुर बाढ़ राहत घोटाले में गिरफ्तार किया गया है।

KBC के अलावा अमिता सिंह तोमर की सर्विस भी काफी चर्चा में रही है। करीब 14 साल की नौकरी में उनके 25 तबादले हो चुके हैं। हाल ही में ब्यावरा से करीब 800 किमी दूर सीधी तबादला होने पर उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखा था। गिरफ्तारी से बचने के लिए उन्होंने हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट में अग्रिम जमानत याचिकाएं लगाईं, लेकिन दोनों जगह से उन्हें राहत नहीं मिली। इसके बाद वे फरार चल रही थीं।

अमिता सिंह तोमर ने साल 2003 में नायब तहसीलदार के रूप में करियर शुरू किया था और 2011 में प्रमोट होकर तहसीलदार बनीं। उनके पति ग्वालियर में ट्रांसपोर्ट व्यवसायी हैं, जबकि उनकी बेटी डॉ. अदिति सिंह देवास में महिला सशक्तिकरण अधिकारी के पद पर कार्यरत हैं।

अमिता सिंह तोमर KBC में 5 करोड़ रुपये के सवाल तक पहुंची थीं, लेकिन एक गलत जवाब के कारण वे 2011 में 50 लाख रुपये ही जीत पाईं थीं।

Leave a Comment