शहजाद भट्टी
पाकिस्तान में बैठा गैंगस्टर और हैंडलर शहजाद भट्टी सोशल मीडिया (व्हाट्सऐप, इंस्टाग्राम) के माध्यम से भारतीय युवाओं का ब्रेनवॉश कर उन्हें आतंकवादी गतिविधियों के लिए उकसा रहा है। इस अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क को ध्वस्त करने के लिए महाराष्ट्र एटीएस (ATS) ने पूरे राज्य में व्यापक जांच अभियान शुरू किया है। ATS की छत्रपति संभाजीनगर यूनिट ने मराठवाड़ा क्षेत्र से 15 संदिग्धों को हिरासत में लेकर उनसे गहन पूछताछ की है। इनमें छत्रपति संभाजीनगर के 10 लोग शामिल हैं। इसके अलावा धाराशिव और जालना जिलों से दो-दो तथा बीड जिले से एक व्यक्ति को हिरासत में लिया गया है।
हिरासत में लिए गए सभी 15 संदिग्धों के मोबाइल फोन और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की गहन जांच की जा रही है। शहजाद भट्टी के नेटवर्क से जुड़े डिजिटल सबूतों और संपर्कों का पता लगाने के लिए इन सभी डिजिटल डिवाइसों की फोरेंसिक जांच जारी है। इस नेटवर्क के खतरे को पूरी तरह समाप्त करने के उद्देश्य से एटीएस की पूछताछ लगातार जारी है। फिलहाल किसी की गिरफ्तारी नहीं की गई है। इस बीच सुरक्षा एजेंसियों ने अभिभावकों से अपने बच्चों की सोशल मीडिया गतिविधियों पर कड़ी नजर रखने की अपील की है।
इसी बीच महाराष्ट्र आतंकवाद निरोधक दस्ते (एटीएस) ने राज्य की सुरक्षा से जुड़ा एक बड़ा अभियान शुरू किया है। ATS की 14 यूनिटों के 58 दलों ने राज्यभर के 102 स्थानों पर एक साथ तलाशी और पूछताछ अभियान चलाया। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि शहजाद भट्टी और उसके कुछ सहयोगी फेसबुक, इंस्टाग्राम, टेलीग्राम और व्हाट्सऐप जैसे प्लेटफॉर्म के जरिए युवाओं से संपर्क स्थापित कर रहे थे। जांच एजेंसियों के अनुसार धार्मिक और सामाजिक रूप से संवेदनशील मुद्दों का इस्तेमाल कर युवाओं को प्रभावित करने और उन्हें राष्ट्रविरोधी विचारों की ओर धकेलने का प्रयास किया जा रहा था। इसके लिए ऑनलाइन प्रचार और व्यक्तिगत संपर्क, दोनों तरीकों का इस्तेमाल किया जा रहा था।
जांच एजेंसियों को संदेह है कि बेरोजगार और आर्थिक रूप से कमजोर युवाओं को आसान कमाई और अधिक पैसे का लालच देकर इस नेटवर्क में शामिल किया जा रहा था। सुरक्षा एजेंसियों के अनुसार इन लोगों को स्लीपर सेल और स्थानीय एजेंट के रूप में तैयार करने की साजिश हो सकती है। इसके अलावा खुफिया जानकारी एकत्र करने, मादक पदार्थों की तस्करी और अवैध हथियारों की आपूर्ति जैसे गंभीर मामलों की भी जांच की जा रही है।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए महाराष्ट्र ATS ने नागरिकों और अभिभावकों से सतर्क रहने की अपील की है। एजेंसी ने लोगों से सोशल मीडिया पर अजनबियों से अनावश्यक संपर्क से बचने तथा किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत पुलिस को सूचना देने का आग्रह किया है। साथ ही अभिभावकों को अपने बच्चों की इंटरनेट गतिविधियों पर नजर रखने और उनके व्यवहार में अचानक कोई बदलाव दिखाई देने पर तुरंत सतर्क होने की सलाह दी गई है।
