ठाणे एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) ने 30 अप्रैल को कल्याण-डोंबिवली महापालिका (KDMC) के एक क्लर्क को 40,000 रुपये की रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया है। आरोपी भरत संजय पाटोले (35) को KDMC मुख्यालय के अंदर ही रंगेहाथों पकड़ा गया। भरत पाटोले KDMC के अतिरिक्त आयुक्त-2 की ऑफिस में क्लर्क था।
ACB द्वारा जारी प्रेस नोट के अनुसार कल्याण (पूर्व) के भरत पाटोले ने साईं इंग्लिश स्कूल के लिए फायर विभाग का नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट (NOC) जारी कराने के बदले रिश्वत मांगी थी। शिकायतकर्ता ने मांगी गई रकम देने से इन्कार कर ACB में शिकायत कर दी। इसके बाद ACB ने जाल बिछाया और भारत पाटोले को रिश्वत लेते गिरफ्तार कर लिया। साल 2022-23 में भरत पाटोले फायर विभाग में कार्यरत था और उसी साईं इंग्लिश स्कूल को 30 हजार रुपये रिश्वत लेकर में FIRE NOC दी थी। वही पुरानी पहचान का हवाला देकर वह 30,000 रुपये में NOC दिलाने की बात कर रहा था।
बता दें इससे पहले KDMC क्लर्क संतोष पाटणे को विवाह प्रमाणपत्र जारी करने के लिए 1,500 रुपये की रिश्वत लेते पकड़ा गया था। समय-समय पर कुल 48 अधिकारी—चपरासी से लेकर वरिष्ठ अधिकारियों तक—रिश्वतखोरी के मामलों में फंस चुके हैं, जिनमें अतिरिक्त आयुक्त संजय घरत, उप आयुक्त सुरेश पवार, सहायक आयुक्त एवं कार्यकारी अभियंता सुनील जोशी, वार्ड अधिकारी सुहास गुप्ते, गणेश बोराडे, स्वाती गरुण और शरद पाटिल शामिल हैं।
