बारह ज्योतिर्लिंगों में से एक प्रसिद्ध तीर्थस्थल भीमाशंकर मंदिर (Bhimashankar Temple) करीब छह महीने के अंतराल के बाद फिर से श्रद्धालुओं के लिए खोल दिया गया है। मंदिर परिसर में चल रहे विकास कार्यों के कारण बंद रखा गया यह मंदिर अब 15 जून से दर्शन के लिए शुरू कर दिया गया है।
विशेष बात यह है कि 15 जून को अधिक मास का समापन होने के कारण इस दिन को धार्मिक दृष्टि से अत्यंत शुभ माना जा रहा है।
मंदिर में विकास कार्य तेजी से पूरे करने के लिए प्रशासन ने पिछले कुछ महीनों से मंदिर बंद रखा था। पहले 31 मई को मंदिर खोलने की योजना थी, लेकिन कुछ कार्य अधूरे रहने के कारण तारीख आगे बढ़ानी पड़ी। अब आखिरकार 15 जून से श्रद्धालु प्रत्यक्ष दर्शन कर सकेंगे।
संभावित भीड़ को देखते हुए मंदिर प्रशासन ने कुछ महत्वपूर्ण नियम लागू किए हैं। 15 जून से 30 जून तक दर्शन के लिए ऑनलाइन पंजीकरण अनिवार्य किया गया है। केवल पंजीकृत श्रद्धालुओं को ही सुबह 7 बजे से 11 बजे तक दर्शन की अनुमति दी जाएगी।
श्रद्धालुओं से अपील है कि वे https://shreebhimashankar.com/ की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर पंजीकरण करें।
मंदिर में प्रवेश के समय प्रत्येक श्रद्धालु के पास वैध सरकारी पहचान पत्र होना अनिवार्य होगा। साथ ही प्रशासन ने बताया है कि प्रतिदिन केवल 1,000 श्रद्धालुओं को ही प्रवेश दिया जाएगा।
श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए दर्शन मार्ग पर बैरिकेडिंग, पेयजल व्यवस्था, चिकित्सा सहायता केंद्र और अतिरिक्त पुलिस बंदोबस्त भी किया गया है। मंदिर प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अनुरोध किया है कि वे अपने पंजीकृत स्लॉट के अनुसार ही दर्शन के लिए पहुंचें।
पहले ही दिन भगवान भोलेनाथ के दर्शन के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे।
